Uttarakhand Weather Today 12 May 2026 :- उत्तराखंड के मैदानी इलाकों में हीट वेव का असर तेज हो गया है। देहरादून, हरिद्वार और उधम सिंह नगर समेत कई जिलों में तापमान सामान्य से काफी ऊपर पहुंच गया है। जानिए मौसम विभाग का अलर्ट और बचाव के जरूरी उपाय। उत्तराखंड में इस समय गर्मी ने लोगों की परेशानियां काफी बढ़ा दी हैं। खासकर मैदानी इलाकों में तेज धूप और गर्म हवाओं ने हालात बेहद कठिन बना दिए हैं।
ATS कॉलोनी का ‘कुख्यात बिल्डर’ पर DM का सीधा प्रहार, गुंडा एक्ट में 6 माह के लिए जिला बदर !!
सुबह से ही चिलचिलाती धूप लोगों को परेशान कर रही है, जबकि दोपहर होते-होते सड़कें लगभग सूनी दिखाई देने लगती हैं। लोग जरूरी काम होने पर ही घरों से बाहर निकल रहे हैं। मौसम विभाग ने आने वाले दो दिनों तक प्रदेश के कई मैदानी इलाकों में हीट वेव का अलर्ट जारी किया है, जिससे लोगों की चिंता और बढ़ गई है।
देहरादून में सामान्य से कई डिग्री ऊपर पहुंचा तापमान
राजधानी देहरादून में मंगलवार को सुबह से ही तेज गर्मी का असर दिखाई देने लगा था। दिन चढ़ने के साथ तापमान तेजी से बढ़ा और गर्म हवाओं ने लोगों को बेहाल कर दिया। मौसम विभाग के अनुसार देहरादून का अधिकतम तापमान सामान्य से करीब 6.5 डिग्री सेल्सियस अधिक रिकॉर्ड किया गया। शहर का तापमान 39.7 डिग्री सेल्सियस तक पहुंच गया, जो इस मौसम के हिसाब से काफी ज्यादा माना जा रहा है। तेज गर्मी के कारण बाजारों और सार्वजनिक स्थानों पर लोगों की आवाजाही कम नजर आई। लोग धूप और लू से बचने के लिए घरों और दफ्तरों के अंदर रहना ज्यादा सुरक्षित समझ रहे हैं।

हरिद्वार, ऋषिकेश और रुड़की में भी लू जैसे हालात
देहरादून के अलावा हरिद्वार, ऋषिकेश, रुड़की और उधम सिंह नगर जैसे मैदानी क्षेत्रों में भी गर्म हवाओं का असर लगातार बढ़ता जा रहा है। दोपहर के समय गर्म हवा सीधे लोगों के चेहरे पर महसूस हो रही है, जिससे बाहर निकलना मुश्किल हो गया है। विशेषज्ञों का कहना है कि शुष्क मौसम और लगातार बढ़ते तापमान के कारण आने वाले दिनों में हीट वेव का असर और गंभीर हो सकता है। ऐसे मौसम में थोड़ी सी लापरवाही भी स्वास्थ्य पर भारी पड़ सकती है।
हीट वेव से बढ़ा हीट स्ट्रोक और डिहाइड्रेशन का खतरा
डॉक्टरों और स्वास्थ्य विशेषज्ञों ने लोगों को विशेष सावधानी बरतने की सलाह दी है। उनका कहना है कि तेज गर्मी और लू के कारण शरीर में पानी की कमी तेजी से होने लगती है, जिससे डिहाइड्रेशन, चक्कर आना, सिरदर्द, उल्टी और हीट स्ट्रोक जैसी समस्याएं हो सकती हैं। बच्चों, बुजुर्गों और पहले से बीमार लोगों को इस मौसम में ज्यादा सतर्क रहने की जरूरत है। डॉक्टरों ने लोगों से ज्यादा से ज्यादा पानी पीने और लंबे समय तक धूप में रहने से बचने की अपील की है।
लंबे समय से बीमार चल रहे पूर्व मुख्यमंत्री खंडूड़ी का निधन, प्रदेश में शोक की लहर !
प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग ने लोगों को दोपहर 12 बजे से शाम 4 बजे के बीच अनावश्यक रूप से बाहर न निकलने की सलाह दी है। इस दौरान धूप और गर्म हवाओं का असर सबसे ज्यादा रहता है। यदि किसी जरूरी काम से बाहर जाना पड़े तो सिर और चेहरे को कपड़े से ढककर निकलने, हल्के और सूती कपड़े पहनने और पर्याप्त मात्रा में पानी पीते रहने की सलाह दी गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि थोड़ी सी सावधानी लोगों को बड़ी परेशानी से बचा सकती है।
पर्वतीय क्षेत्रों में भी बढ़ने लगी गर्मी
मैदानी इलाकों के साथ-साथ उत्तराखंड के पर्वतीय क्षेत्रों में भी तापमान बढ़ने लगा है। मसूरी और नैनीताल जैसे प्रमुख हिल स्टेशनों में भी तापमान सामान्य से करीब 6 डिग्री सेल्सियस अधिक दर्ज किया जा रहा है। हालांकि मौसम विभाग ने संभावना जताई है कि गुरुवार से कुछ पर्वतीय क्षेत्रों में आंशिक बादल छा सकते हैं, जिससे लोगों को गर्मी से थोड़ी राहत मिलने की उम्मीद है।

इन जिलों में जारी हुआ हीट वेव अलर्ट
मौसम विज्ञान केंद्र के अनुसार देहरादून, हरिद्वार, उधम सिंह नगर और आसपास के मैदानी इलाकों में बुधवार और गुरुवार के लिए हीट वेव अलर्ट जारी किया गया है। विभाग का कहना है कि अगले दो दिनों में तापमान में और बढ़ोतरी हो सकती है। फिलहाल पूरे प्रदेश में मौसम शुष्क बना रहने की संभावना है। ऐसे में लोगों को सतर्क रहने और स्वास्थ्य का विशेष ध्यान रखने की जरूरत है।
Disclaimer :- यह लेख उपलब्ध मौसम जानकारी और स्थानीय रिपोर्ट्स के आधार पर तैयार किया गया है। मौसम की स्थिति समय के साथ बदल सकती है। किसी भी आपात स्थिति या स्वास्थ्य संबंधी समस्या में संबंधित विभाग और विशेषज्ञों की सलाह जरूर लें।




